विकास अग्रवाल
काशीपुर (महानाद) : विगत लगभग 3 महीने से राइस मिल को धान देने के बावजूद किसानों का हजारों क्विंटल धान सरकार के पोर्टल पर नहीं चढ़ा है। जिस कारण उन्हें 3 महीने बाद भी कोई भुगतान प्राप्त नहीं हुआ है जिससे रोषित दर्जनों किसान आज कड़ाके की ठंड में कटोराताल स्थित क्रय विक्रय समिति के सामने टेंट लगाकर धरने पर बैठेन को मजबूर हो गये।
आपको बता दें कि क्रय विक्रय समिति द्वारा किसानों का धान समिति द्वारा आवंटित राइस मिल में तुलवाया जाता है और फिर राइस मिल की पर्ची को सरकारी पोर्टल पर चढ़ाया जाता है जिसके बाद सरकार उन किसानों को उनके धान की फसल का सरकारी रेट पर भुगतान करती है। लेकिन काशीपुर क्षेत्र के 105 किसानों का अक्टूबर से खरीदा गया 21500 क्विंटल धान समिति द्वारा अभी तक पोर्टल पर नहीं चढ़ाया गया है और पोर्टल 31 दिसंबर 2025 को बंद हो जायेगा।
ऐसे में धान को पोर्टल पर न चढ़ाये जाने से नाराज दर्जनों किसान आज कड़ाके की ठंड में उनके राइस मिलों में तुल चुके धान को पोर्टल पर चढ़ाने की मांग को लेकर समिति के मुख्य गेट पर धरने पर बैठ गये। किसानों ने बताया कि अभी और भी बहुत से किसान हैं जिना धान भी पोर्टल पर नहीं चढ़ा है।
इस दौरान मौजूद किसानों ने बताया कि 3 महीने बीत जाने के बावजूद धान के सरकारी पोर्टल पर न चढ़ पाने के कारण उन्हें अपनी फसल का भुगतान नहीं मिल पाया है और उनके सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। 40-40 हजार के बिजली बिल आये पड़े हैं जिन पर सरकार ब्याज लगा रही है। किसी किसान को अपने बच्चों की फीस भरनी है तो किसी किसान को अपने परिजनों का इलाज करवाना है।
मौके पर मौजूद किसानों ने कहा कि यदि उनके धान को पोर्टल पर नहीं चढ़ाया गया तो उन्हें उग्र आंदोलन और चक्का जाम करने को मजबूर होना पड़ेगा। खबर लिखे जाने तक किसान नेता जितेन्द्र सिंह जीतू, दयाल सिंह, गुलाब सिंह, जय सिंह गौतम, दीपक चौधरी, जोगेन्द्र सिंह, दर्शन सिंह देओल, राजू छीना, मलकीत सिंह बलवंत सिंह, इंदर सिंह कल्याण सिंह आदि किसान धरनास्थल पर डटे हुए हैं।
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