महानाद डेस्क : आईजी कुमायूँ रिद्धिम अग्रवाल के नेतृत्व में जनपद चम्पावत एवं पिथौरागढ़ पुलिस की संयुक्त टीम ने ड्रग्स के विरुद्ध एक प्रभावशाली एवं संगठित कार्रवाई को सफलतापूर्वक अंजाम देते हुए ड्रग्स तस्करों से दस करोड़ तेईस लाख चौरासी हजार रुपये कीमत की 5 किलो 688 ग्राम एमडीएमए ड्रग्स बरामद करते हुए एक महिला को गिरफ्तार किया है। आईजी रिद्धिम अग्रवाल ने पुलिस टीम को 20 हजार रुपये के नगद पुरुस्कार से पुरुस्कृत किया है।

आपको बता दें कि हाल ही में महाराष्ट्र के ठाणे व मुंबई पुलिस द्वारा पिथौरागढ़ में एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत की गई कार्यवाही के आलोक में आईजी कुमायूँ रिद्धिम अग्रवाल द्वारा नेपाल सीमा पर सख्त निगरानी और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने हेतु निर्देशित किया गया था। उक्त कार्यवाही के परिप्रेक्ष्य में आईजी द्वारा कुमाऊँ रेंज के समस्त पुलिस अधीक्षकों को नशे के तस्करों के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही करने हेतु आदेशित किया गया था तथा कृत कार्यवाही की लगातार समीक्षा की जा रही थी।
उक्त आदेश/निर्देशों के क्रम में एसपी चंपावत अजय गणपति व एसपी पिथौरागढ़ रेखा यादव के कुशल निर्देशन में दोनों जनपदों की संयुक्त टीमों द्वारा नशा तस्करों के विरुद्ध सूचना संकलन, सर्विलांस निगरानी, प्रभावी व कुशल सुरागरसी पतारसी कर संदिग्धों पर सतर्क दृष्टि रखी जा रही थी तथा सूचनाओं का आदान प्रदान किया जा रहा था।
आज दिनांक 12.07.2025 को सीओ टनकपुर वन्दना वर्मा के पर्यवेक्षण, एसओजी प्रभारी लक्ष्मण सिंह जगवाण, एसओ सुरेंद्र सिंह कोरंगा के नेतृत्व में 14 सदस्यीय पुलिस टीम ने प्रातः लगभग 5ः45 बजे नेपाल सीमा के निकट शारदा नहर (गढ़ीगोठ पुल, पम्पापुर) क्षेत्र में चेकिंग अभियान चलाया। चैकिंग के दौरान पुलिस टीम ने एक महिला ईशा पत्नी राहुल कुमार निवासी ग्राम पम्पापुर, थाना-बनबसा, जनपद-चम्पावत उम्र-22 वर्ष को काला पिट्ठू बैग लेकर नहर की ओर भागते देखा। संदिग्ध व्यवहार प्रतीत होने पर उक्त महिला को रोका गया तथा सीओ वन्दना वर्मा की उपस्थिति में महिला के बैग की तलाशी में 5 किलो 688 ग्राम एमडीएमए (मेथाएमफेटामाइन) ड्रग्स जिसे एमडी नाम से भी जाना जाता है, बरामद कर गिरफ्तार कर थाना बनबसा में अभियोग पंजीकृत किया गया।

पूछताछ करने पर ईशा ने स्वीकार किया कि बैग में एमडीएमए ड्रग्स है, जो उसके पति राहुल कुमार व उनके सहयोगी कुनाल कोहली (टनकपुर निवासी) द्वारा 27 जून 2025 को पिथौरागढ़ से लाकर दी थी। जो वर्तमान में ठाणे मुम्बई में पंजीकृत एक अभियोग में वांछित चल रहे हैं। वर्तमान में पुलिस की सक्रियता को देखते हुए पति के कहने पर आज उक्त ड्रग्स को शारदा नहर में फेंकने जा रही थी। बरामद ड्रग्स की अंतर्राष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत 18000 रुपये प्रति ग्राम कुल दस करोड़ तेईस लाख चौरासी हजार रुपये आंकी गई है।
बता दें कि एमडीएमए जिसे मौली या एक्स्टसी भी कहा जाता है, एक सिंथेटिक ड्रग है, जिसका प्रभाव मेथाम्फेटामाइन जैसे उत्तेजक पदार्थों के समान होता है। यह पश्चिमी देशों में युवाओं के बीच लोकप्रिय है और भारत में क्लब कल्चर में एलीट वर्ग द्वारा इसका उपयोग बढ़ रहा है ।
चंपावत में ड्रग तस्करी का संदर्भ: वर्ष 2024 में चंपावत पुलिस ने अब तक 4 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य के नशीले पदार्थ बरामद किए हैं, जिनमें 1,280 किग्रा स्मैक (मूल्यरू-3.84 करोड़) और 60.5 किग्रा चरस शामिल हैं ।
आईजी रिद्धिम अग्रवाल ने बताया कि पूर्व में पकड़े गये अपराधियों के बैकवर्ड लिंकेज का पता लगाते हुए जनपद चम्पावत व जनपद पिथौरागढ़ पुलिस द्वारा संयुक्त रूप से थल क्षेत्र से अपराधियों द्वारा नशीले पदार्थ बनाये जाने हेतु गठित लैब व सम्बन्धित उपकरणों को जब्त कर कार्यवाही की गई थी। कार्यवाही के बाद से ही जनपद पिथौरागढ़ व जनपद चम्पावत पुलिस द्वारा इस गिरोह में सम्मिलित अन्य अपराधियों तथा पूरे नेटवर्क का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा था तथा सक्रिय रूप से सुरागरसी पतारसी कर सूचना संकलन किया जा रहा था। यह कार्रवाई पिथौरागढ़ फैक्ट्री नेटवर्क को उजागर करने में महत्वपूर्ण है। गिरफ्तार महिला व उसके सहयोगियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। चंपावत पुलिस ने 2024 में 82 तस्करों को गिरफ्तार कर 56 मुकदमे दर्ज किए हैं, जो हमारी प्रतिबद्धता दर्शाता है।
चम्पावत पुलिस टीम में सीओ टनकरपुर वन्दना वर्मा, एसओजी प्रभारी चम्पावत लक्ष्मण सिंह जगवाण, एसएचओ चम्पावत सुरेन्द्र सिंह कोरंगा, एएनटीएफ प्रभारी एसआई सोनू सिंह, हे. कां. गणेश सिंह बिष्ट, संजय शर्मा, कां. नासिर, उमेश राज, सूरज कुमार, कुलदीप सिंह, मदन सिंह, जगदीश कन्याल, राकेश्वरी राणा,
पिथौरागढ़ पुलिस टीम में एसओजी प्रभारी प्रकाश पाण्डे, कां. कमल शामिल थे।



