रामपुर (महानाद) : रामपुर की एमपी/एमएलए कोर्ट ने सपा नेता आजम खां के बेटे अब्दुल्ला आजम को फर्जी पासपोर्ट मामले में दोषी करार देते हुए 7 साल की सजा सुनाई है। जन्म तिथि बदलवाने के मामले में अब्दुल्ला आजम को यह तीसरी सजा सुनाई गई है।
आपको बता दें कि लगभग 15 दिन पहले 2 पैन कार्ड मामले में आजम खां और अब्दुल्ला आजम को 7-7 साल की सजा हुई थी। वहीं, 2 जन्म प्रमाण पत्र मामले में सन 2023 में दोनों को 7-7 साल की सजा हुई थी। फिलहाल पिता-पुत्र दोनों रामपुर जेल में बंद हैं।
विदित हो कि भाजपा विधायक आकाश कुमार सक्सेना ने फर्जी पासपोर्ट के मामले में सिविल लाइंस थाने में आजम खां व उनके पुत्र अब्दुल्ला आजम के खिलाफ सन 2019 में धोखाधड़ी (धारा 420), फर्जी दस्तावेज (धारा 467, 468) पहचान पत्रों में फर्जीवाड़ा (धारा 471) के तहत मुकदमा दर्ज कराया था।
विधायक आकाश सक्सेना ने आरोप लगाया था कि अब्दुल्ला आजम ने जाली दस्तावेजों के आधार पर 2 अलग-अलग पासपोर्ट बनवाए हैं। इनमें से एक पासपोर्ट में उनकी जन्मतिथि 1 जनवरी 1993 दर्ज है, जो उनके शैक्षिक दस्तावेजों के रिकॉर्ड के अनुसार सही है। वहीं, दूसरे पासपोर्ट में उनकी जन्मतिथि 1990 दिखाई गई थी।
कोर्ट ने आज शुक्रवार को सजा सुनाते हुए उन पर 50 हजार का जुर्माना भी लगाया है। कोर्ट ने कहा है कि अब तक कैद में काटा गया समय इस सजा में जोड़ लिया जाएगा।
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