रुद्रपुर/सितारगंज (महानाद) : पुलिस ने एसएसपी उधम सिंह नगर अजय गणपति के नेतृत्व में कार्रवाई करते हुए जम्मू एंड कश्मीर में आतंकियों को हथियार सप्लाई करने वाले 2 अंतर्राज्यीय अवैध असलाह तस्करों को गिरफ्तार कर उनके पास से 2 पोनिया राइफल, 1 रिवॉल्वर, 2 तमंचे और 344 कारतूस बरामद बरामद किये हैं।
आपको बता दें कि एसएसपी अजय गणपति के नेतृत्व में ‘ऑपरेशन प्रहा’ष् के तहत जनपद में अपराधों की रोकथाम एवं अवैध गतिविधियों के विरुद्ध सघन अभियान चलाया जा रहा है। उक्त क्रम में दिनांक 08.04.2026 को एसओजी रुद्रपुर एवं कोतवाली सितारगंज पुलिस द्वारा संयुक्त चेकिंग अभियान चलाया जा रहा था। इसी दौरान सूचवना मिली कि संदिग्ध व्यक्ति बिना नम्बर प्लेट की सफेद स्विफ्ट कार से सिडकुल फेस-02 क्षेत्र से कच्चे रास्ते के माध्यम से अवैध असलहा लेकर जा रहे हैं। तत्काल पुलिस टीम द्वारा प्रभावी घेराबंदी की गई और संदिग्ध वाहन को रोकने का प्रयास किया गया, लेकिन चालक द्वारा वाहन को पीछे मोड़कर भागने का प्रयास किया गया, जो कच्चे रास्ते में फंस गया। पुलिस टीम द्वारा तत्परता दिखाते हुए दोनों व्यक्तियों हरेन्द्र सिंह उर्फ हनी (27 वर्ष) पुत्र इन्द्रपाल सिंह, निवासी बिरिया फार्म सिसैया, कोतवाली सितारगंज तथा निखिल वर्मा उर्फ रानू (27 वर्ष) पुत्र रमेश चन्द्र, निवासी केशवनगर, सितारगंज को मौके पर ही पकड़ लिया गया। तलाशी के दौरान उनके कब्जे से भारी मात्रा में अवैध असलहा एवं कारतूस बरामद हुए।
पूछताछ में अभियुक्तों ने बताया कि वे पुलिस दबिश के डर से हथियारों को चोरगलिया जंगल में छिपाने जा रहे थे तथा अंतर्राज्यीय स्तर पर इनकी सप्लाई करते थे।
बरामदगी का विवरण –
2 अदद पोनिया 12 बोर रायफल
1 अदद रिवाल्वर 32 बोर
1 अदद तमंचा 32 बोर
1 अदद तमंचा 315 बोर
44 अदद जिंदा कारतूस 315 बोर
43 अदद जिंदा कारतूस 12 बोर
128 अदद जिंदा कारतूस 32 बोर
56 अदद खोखा कारतूस 315 बोर
23 अदद खोखा कारतूस 12 बोर
50 अदद खोखा कारतूस 32 बोर
1 स्विफ्ट कार (बिना नम्बर प्लेट)
बरामद समस्त अवैध असलहा एवं कारतूस को विधिवत सील कर पुलिस कब्जे में लिया गया है। अभियुक्तों के आपराधिक नेटवर्क की गहन जांच जारी है। इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस के माध्यम से अभियुक्तों के मोबाइल फोन, कॉल डिटेल्स एवं बैंक खातों की जांच की जा रही है। साथ ही अन्य सहयोगियों एवं सप्लायरों की गिरफ्तारी हेतु पुलिस टीमों का गठन कर दबिश दी जा रही है।
अभियुक्तों ने पूछताछ में बताया कि वे अंतर्राज्यीय स्तर पर अवैध हथियारों की सप्लाई करते थे। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि जम्मू निवासी ‘वाहिद/वाजिद’ सहित अन्य व्यक्तियों को हथियार उपलब्ध कराए जाते थे। पूछताछ में यह तथ्य भी सामने आया कि पुलभट्टा निवासी इन्द्रजीत संधू व पवन संधू के माध्यम से यह नेटवर्क संचालित किया जा रहा था। अभियुक्त अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त कर आर्थिक लाभ अर्जित कर रहे थे।
आतंकवादी संगठनों से जुड़े ताररू एसएसपी अजय गणपति के कुशल निर्देशन में सितारगंज पुलिस एवं ैव्ळ की बड़ी कार्रवाई’
पुलिस द्वारा पकड़े गए अभियुक्त से की गई गहन पूछताछ और तकनीकी जांच में चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं।
बैंक खातों से हुआ बड़ा खुलासा – पुलिस टीम द्वारा अभियुक्त के मोबाइल नंबर और बैंक खातों की जांच के दौरान यह पाया गया कि उक्त खातों से जम्मू-कश्मीर’ के विभिन्न बैंक खातों में संदिग्ध लेनदेन किया जा रहा है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जब जम्मू-कश्मीर पुलिस से संपर्क किया गया, तो एक बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ।
आतंकी संगठन ‘अल बदर’ से संबंध’ –
जांच में सामने आया है कि ’रेहान मीर, जो जम्मू-कश्मीर के टुलरन सोफिया का निवासी है, इस नेटवर्क का मुख्य हिस्सा है। रेहान मीर प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन ‘अल बदर’ का ओवर ग्राउंड वर्कर वह पकड़े गए अभियुक्त के खाते में लगातार पैसे ट्रांसफर कर रहा था।
हथियार सप्लाई और दिल्ली पुलिस की जांच –
इस मामले के तार ‘सितारगंज’ से भी जुड़े पाए गए हैं। दिल्ली पुलिस की ‘स्पेशल सेल’ इस बात की विस्तृत जांच कर रही है कि रेहान मीर द्वारा सितारगंज निवासी ‘हनी’ के खाते में जो धन भेजा गया था, उसके बदले हनी द्वारा हथियारों की सप्लाई की गई थी या नहीं।
मुख्य बिंदु-
-दिल्ली स्पेशल सेल में इस संबंध में अभियोग पंजीकृत किया जा चुका है।
– आतंकी गतिविधियों और हथियारों की तस्करी के दृष्टिकोण से दोनों आरोपियों के संबंधों की जांच जारी है।
– उधम सिंह नगर पुलिस अब अग्रिम कार्रवाई के लिए ‘जम्मू-कश्मीर पुलिस’ और ‘दिल्ली पुलिस’ के साथ निरंतर समन्वय बनाए हुए है।
– राष्ट्र विरोधी गतिविधियों में संलिप्त किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा और नेटवर्क के हर सदस्य तक पहुँचने के प्रयास जारी हैं।’



