मुरादाबाद (महानाद) : कोर्ट ने 15 साल बाद मैनाठेर कांड के 16 आरोपियों को मुरादाबाद के एडीजे-द्वितीय कृष्ण कुमार की कोर्ट ने उम्रकैद की सजा सुना दी। मामले के तीन आरोपियों की मौत हो चुकी है। मामले में 14 दोषियों को पहले ही जेल भेजा जा चुका था। वहीं फरार चल रहे 2 अन्य दोषियों को भी पुलिस ने हाल ही में गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
आपको बता दें कि थाना मैनाठेर में 6 जुलाई 2011 की सुबह को पुलिस की एक टीम छेड़छाड़ के एक आरोपी की तलाश में गांव असालतपुरा बघा में दबिश देने पहुंची थी। वहां पुलिस टीम पर कुछ महिलाओं ने हमला कर दिया और आरोपी को गिरफ्तार करने नहीं दिया। इसके बाद महिलाओं ने यह अफवाह फैला दी कि पुलिस ने कुरान का अपमान किया है। इस अफवाह के बाद असालतपुर बघा से भारी संख्या में मुसलमानों की भीड़ निकली और हंगामा करते हुए प्रदर्शन किया तथा डींगरपुर पुलिस चौकी पर पहुंच कर तोड़फोड़ कर आग लगा दी।
मामले की जानकारी मिलने पर जब वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे तो भीड़ ने उन पर भी हमला कर दिया था। हमले में तत्कालीन डीआईजी अशोक कुमार गंभीर रूप से घायल हो गए। मामले में कार्रवाइ्र करते हुए कुल 34 आरोपियों को चिह्नित किया गया। जांच के बाद 6 नाबालिगों सहित 25 लोगों पर चार्जशीट दायर की गई। 19 आरोपियों के खिलाफ एडीजे-2 के कोर्ट में सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान तीन आरोपियों की मौत हो गई। शनिवार को शेष बचे 16 आरोपियों को उम्रकैद की सजा सुनाई गई।
दरअसल, वर्ष 2011 में मैनाठेर क्षेत्र में जमकर बवाल हुआ था। इस दौरान पुलिस चौकी और पीएसी वाहन जलाए थे। तत्कालीन अशोक कुमार सिंह पर हमले का मामला सामने आया था। कोर्ट ने मामले में 16 लोगों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। इस कांड पर फैसला सुनाया।
दोषी करार दिए गए अभियुक्त –
1. मंजूर अहमद पुत्र मौ. यूनूस
2. हाशिम पुत्र हाजी भोलू
3. मौहम्मद अली पुत्र अफसर
4. मोहम्मद कमरुल पुत्र बाबू
5. मौ. नाजिम पुत्र मौ. हुसैन
6. मौहम्मद मुजीफ पुत्र नन्हें
7. मौ. यूनूस पुत्र मौ. यूसूफ
8. मौ. रिजवान पुत्र मुस्तफा
9. अम्बरीश पुत्र अनवार मिस्त्री
10. कासिम पुत्र इकबाल
11. मौ. मोबीन उर्फ मौ. मोहसिन पुत्र शौकत
12. मौ. फिरोज पुत्र नन्हे
13. परवेज आलम पुत्र आसिफ
14. मौ. मुजीब पुत्र बाबू जमील
15. तहजीब आलम पुत्र हाजी जमील
16. जाने आलम पुत्र जुम्मा।
सजा के बाद सभी आरोपियों को जेल भेज दिया गया है।





