हरिद्वार (महानाद) : मात्र 100 रुपये की पार्किंग पर्ची विवाद में पंडित दीनदयाल पार्किंग के मैनेजर की कार से कुचलकर हत्या करने वाले 2 आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। 100 रुपये के चक्कर में जहां आरोपियों ने एक आदमी की जान ले ली वहीं अब उनकी जिंदगी भी जेल में चक्की पीसते हुए कटेगी।
आपको बता दें कि विगत 10 जनवरी 2026 को पंडित दीनदयाल उपाध्याय पार्किंग में शुल्क को लेकर हरियाणा के यात्रियों का पार्किंग मैनेजर के साथ विवाद हो गया था। इसी विवाद के चलते यात्रियों ने पार्किंग मैनेजर सहदेव कुमार के ऊपर कार चढ़ाकर उन्हें कुचल दिया, जहां जॉलीग्रांट अस्पताल में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गयी थी।
उक्त मामले में ग्राम भंगेड़ी महावतपुर, रुड़की, हरिद्वार हाल निवासी पं. दीनदयाल उपाध्याय पार्किंग रोड़ीबेलवाला, हरिद्वार निवासी प्रताप सिंह पुत्र राजपाल सिंह नगर कोतवाली, हरिद्वार में तहरीर देकर वैगनआर कार चालक के खिलाफ वाहन पार्किंग शुल्क न देने व पार्किंग बैरियर तोड़ते हुए भागने का प्रयास कर मैनेजर सहदेव कुमार को कुचलने का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कराया था।
मामले की जानकारी देते हुए कोतवाल रितेश शाह ने बताया कि मुकदमा दर्ज होते ही पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए सक्रिय हुई और चैकिंग के दौरान दोनों आरोपियों विशाल (22 वर्ष) पुत्र विनोद निवासी 493, बहालगढ़, जिला सोनीपत, हरियाणा व सूरज (34) पुत्र चन्द्र सिंह निवासी भट्ट गांव, पंचशील कालोनी, थाना सेक्टर 27, जिला-सोनीपत, हरियाणा को कार के साथ चमगादड़ टापू की आड़ से गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया।
बता दें कि इनमें से एक सूरज वकील है और दूसरा आरोपी विशाल उसका भांजा है और वह एलएलबी की पढ़ाई कर रहा है। सूरज विशाल को रुड़की में परीक्षा दिलाने आया था। इस दौरान वह हरकी पैड़ी पर स्नान करने के लिए आए थे। भांजा कार चला रहा था। पार्किंग से जाते समय वकील सूरज ने भांजे विशाल को पार्किंग के लिए रुपये दिए थे लेकिन फिर भी भांजे विशाल ने रुपये नहीं दिए और एकदम से कार दौड़ाने का प्रयास किया जिस पर मैनेजर सहदेव चौहान गाड़ी के आगे आ गये। आरोपी ने पहले एक टक्कर मारी और फिर दूसरी टक्कर मारी जिससे सहदेव उछलकर बोनट पर जा गिरेा और फिर मैदान में गिर गये। इसके बाद अस्पताल में इलाज के दौरान उकी मृत्यु हो गई।
पुलिस टीम में कोतवाल रितेश शाह, एसएसआई नन्द किशोर ग्वाड़ी, चौकी प्रभारी एसआई चरण सिंह चौहान, एएसआई सन्दीप वर्मा, कांस्टेबल राकेश, पवन, दिनेश शामिल थे।



