अभिनव अग्रवाल
हरिद्वार (महानाद) : पुलिस ने एसएसपी प्रेमन्द्र सिंह डोबाल के नेतृत्व में महज 36 घंटे के अंदर युवक की हत्या का खुलासा कर दिया। युवक को उसकी 17 साल की नाबालिग प्रेमिका ने अपने दोस्तों के साथ् मिलकर ठिकाने लगा दिया था। पुलिस ने प्रेमिका को सरंक्षण में लेकर उसके एक साथी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि उसके 2 फरार दोस्तों की तलाश की जा रही है।
मामले का खुलासा करते हुए एसएसपी प्रमेन्द्र डोबाल ने बताया कि दिनांक 13.08.2025 को कोतवाली गंगनहर में लल्लू सिंह रावत निवासी चन्द्रपुरी, राणा चौक अपने 18 साल के बेटे दीपक रावत की गुमशुदगी दर्ज कराते हुए बताया था कि दीपक 10.08.2025 की रात के करीब 8 बजे अपनी स्प्लेंडर मोटरसाइकिल लेकर घर से निकला और फिर वापस नहीं लौटा। उसका फोन लगातार स्विच ऑफ आने से परिवार की चिंता और गहरी होती चली गई।
दीपक की गुमशुदगी दर्ज कर जांच शुरु की गई। पुलिस की जांच पड़ताल में धीरे-धीरे सामने आया कि दीपक का प्रेम प्रसंग उसके पड़ोस में रहने वाली 17 साल की नाबालिग किशोरी के साथ चल रहा था। किशोरी दीपक से शादी करना चाहती थी, लेकिन कम उम्र के कारण परिवार ने साफ साफ इंकार कर दिया। तभी उनकी कहानी में मोदीनगर निवासी राजा शर्मा उर्फ सुखवेन्दर का प्रवेश हुआ। प्रवेश किशोरी की मौसी का पड़ोसी था और बाद में उसका करीबी दोस्त बन गया।

एसएसपी डेाबाल ने बताया कि दीपक और किशोरी के रिश्ते से राजा पहले ही नाराज था। 23.07.2025 को उसने दीपक को फोन कर धमकी दी कि वह युवती से दूर रहे। लेकिन दीपक पीछे नहीं हटा। वह युवती से लगातार मिलना चाहता था और उस पर दबाव भी डाल रहा था। यह बात युवती ने राजा को बता दी, और यहीं से दीपक की हत्या की साजिश ने जन्म लिया।
दिनांक 10.08.2025 की रात को किशोरी ने दीपक को बहाना बनाकर मोदी नगर बुलाया। दीपक अपनी बाइक पर युवती को लेकर पहुंचा। वहां सुभारती मेडिकल कॉलेज के पास राजा शर्मा अपने दोस्तों मोहसिन और सोनू के साथ स्कूटी पर मिला। किशोरी ने उन्हें ‘मौसी का पड़ोसी’ बता कर दीपक को उनके साथ भेज दिया। आधी रात के करीब 1 बजे छोटा हरिद्वार नहर पटरी पर उनकी साजिश पूरी हुई तथा राजा और उसके साथियों ने मिलकर दीपक का गला दबा दिया और उसकी लाश गंग नहर में फेंक दी और उसकी बाइक लेकर वहां फरार हो गये।
एसएसपी हरिद्वार के आदेश पर पुलिस की विशेष टीमों का गठन किया गया। गहन पूछताछ और अन्य विश्लेषण से दीपक की हत्या के राज खुलने शुरू हो गये और कड़ी पूछताछ के दौरान किशोरी ने पूरी सच्चाई उगल दी। उसकी निशानदेही पर मोहसिन (18 वर्ष) को कल 15.08.2025 को हिरासत में लिया गया। पूछताछ और तलाशी के बाद दीपक की लाश थाना धौलाना क्षेत्र, जनपद हापुड़ से बरामद की गई।
इस प्रकार हरिद्वार पुलिस ने कड़ी मेहनत और लगन से 36 घंटों के भीतर व तीन राज्यों से जुड़ी इस गुमशुदगी से हत्या में बदली गुत्थी को सुलझाया। एसएसपी ने पुलिस टीम को 2,500 तथा आईजी द्वारा 10,000 रुपये के इनाम की घोषणा की गई है।



