सुहानी अग्रवाल
देहरादून (महानाद) : मुख्यमंत्री पुष्कर धामी की अध्यक्षता में आयोजित कैबिनेट की बैठक में कुल 18 प्रस्तावों पर मुहर लगाई गई। मुख्यमंत्री सचिव शैलेश बगौली ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कैबिनेट के निर्णयों की जानकारी दी।
कैबिनेट ने परिवहन विभाग को मजबूत करने के लिए 250 नई बसें की खरीदने के लिए मंजूरी दी है। वहीं जीएसटी में की गई कमी के चलते अब 100 की बजाय 109 बसें खरीदी जा सकेंगी। इसके अलावा परिवहन विभाग में पर्यवेक्षकों और सिपाहियों की वर्दी भी निर्धारित कर दी गई है।
कुंभ मेला अधिकारी 1 करोड़ रुपये तक के कार्य स्वीकृत कर सकेंगे, 5 करोड़ तक के कार्य गढ़वाल कमिश्नर स्तर से मंजूर होंगे। इससे अधिक लागत वाले कार्यों को शासन स्तर से स्वीकृति दी जायेगी।
औद्योगिक क्षेत्र में भी राहत देते हुए प्रति कुंतल दर को 7 रुपये से बढ़ाकर 8 रुपये कर दिया गया है।
वित्त विभाग के तहत आबकारी नीति में 6ø प्रावधान को राज्य कर विभाग ने भी अपनाया है।
वन दरोगा की आयु सीमा बढ़ाकर 21-35 वर्ष और वन आरक्षी की आयु सीमा 18-25 वर्ष निर्धारित की गई है।
वन क्षेत्र की सीमा पर मधुमक्खी पालन (मौन पालन) को बढ़ावा देने के लिए नई नीति को मंजूरी दी गई है, जिससे स्थानीय लोगों की आय बढ़ेगी और मानव-वन्यजीव संघर्ष में कमी आने की उम्मीद है।
कैबिनेट ने डी श्रेणी के ठेकेदारों को बड़ा लाभ देते हुए कार्य सीमा 1 करोड़ से बढ़ाकर 1.5 करोड़ रुपये कर दी है।
कार्मिक विभाग में प्रतीक्षा सूची की वैधता को लेकर स्पष्ट किया गया कि एक वर्ष के भीतर चयन होने पर ही सूची मान्य होगी।
शिक्षा के क्षेत्र में भी अहम निर्णय लिए गए हैं। मदरसों को लेकर नई व्यवस्था के तहत कक्षा 1-8 तक संचालित 452 मदरसों को जिला स्तर से ही मान्यता मिलेगी, जबकि कक्षा 9 से 12 तक के लिए उत्तराखंड बोर्ड से मान्यता आवश्यक होगी।
विशेष शिक्षकों की नियमावली और सहायक अध्यापक पदों की सेवा नियमावली को भी मंजूरी दी गई है।
2023 में जेई भर्ती से जुड़े 6 नए पद सृजन प्रस्ताव को मंजूरी।
मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा शोध प्रोत्साहन योजना का दायरा बढ़ाते हुए 21 अशासकीय कॉलेजों को भी इसमें शामिल किया गया है।



